उत्तराखण्ड

Ucc पर कार्यशाला

बागेश्वर। बागेश्वर में जिलाधिकारी आशीष भटगांई की अध्यक्षता में यूनिफॉर्म सिविल कोड, ‘यूसीसी’ को लेकर एक दिवसीय कार्यशाला हुई। कार्यशाला में यूसीसी पोर्टल में पंजीकरण कराने की प्रक्रियाओं एवं योग्यता पर प्रशिक्षण दिया गया। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को अपने विभागीय कर्मचारियों का यूसीसी पोर्टल पर पंजीकरण सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी आशीष भटगांई ने यूसीसी के महत्व के बारे में बताते हुए कहा कि यह समाज में समानता और न्याय सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यूसीसी के तहत विवाह पंजीकरण अनिवार्य होगा, जिससे विवाह संबंधी विवादों में कमी आएगी और कानूनी सुरक्षा सुनिश्चित होगी। यूसीसी में तलाक और गुजारा भत्ता के मामलों में सभी नागरिकों के लिए समान कानून लागू किया गया है। जिससे न्याय प्रक्रिया में पारदर्शिता और समानता आएगी। महिलाओं और पुरुषों को संपत्ति में समान अधिकार प्रदान करने के साथ ही लैंगिक समानता को बढ़ावा मिलेगा। यूसीसी के तहत सभी धर्मों के लोग बच्चों को गोद ले सकेंगे, जिससे अनाथ बच्चों को परिवार का स्नेह और सुरक्षा मिल सकेगी। कार्यशाला में जिलाधिकारी ने बताया कि लिव-इन रिलेशनशिप में रहने वाले जोड़ों के लिए पंजीकरण अनिवार्य होगा, जिससे उनके कानूनी अधिकारों की सुरक्षा हो सकेगी। उन्होंने कहा कि यूसीसी पोर्टल में नागरिकों को इन सभी सेवाओं के लिए ऑनलाइन आवेदन और पंजीकरण की सुविधा प्रदान की है, जिससे सरकारी प्रक्रियाओं में पारदर्शिता और गति आएगी। जिलाधिकारी ने सभी नागरिकों से यूसीसी पोर्टल पर पंजीकरण कराकर अपने कानूनी अधिकारों का संरक्षण सुनिश्चित कर समाज में समानता और न्याय की स्थापना में सहयोग करने की अपील भी की।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button