आवाजाही हुई बाधित
देहरादून। बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग चमोली जिले के नन्दप्रयाग में एक बार फिर से मलबा आने से यातायात बाधित हो गया है। यह मार्ग कल दोपहर में पांच दिनों के बाद वाहनों के आवागमन के लिए सुचारू किया गया था। वहीं, जिले में सिमली-ग्वालदाम राष्ट्रीय राजमार्ग नलगांव के समीप भूस्खलन के कारण अवरूद्ध है। उधर, यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर भी उत्तरकाशी जिले के जानकीचट्टी के पास आवाजाही बाधित है। यह मार्ग पिछले 25 अगस्त को भारी बारिश और भूस्खलन के कारण यातायात के लिए अवरूद्ध हो गया था। मसूरी से केम्पटी जाने वाली सड़क का एक हिस्सा कल रात सिया गांव के पास भारी बारिश के कारण हुए भूधसाव से क्षतिग्रस्त हो गया, जिससे यह मार्ग यातायात के लिए बंद हो गया। राजमार्ग की मरम्मत का कार्य संबंधित विभाग द्वारा किया जा रहा है और इसे छोटे वाहनों के लिए सुचारू कर दिया गया है। बड़े वाहनों की आवाजाही सुचारू करने के प्रयास किए जा रहे हैं। यात्रियों को आवाजाही के लिए वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करने की सलाह दी गई है। उधर, उत्तरकाशी में वरुणावत पर्वत की तलहटी पर स्थित गुफियारा क्षेत्र में देर रात पहाड़ी से पत्थर गिरने की ख़बर है। जिला प्रशासन ने रात में ही मौके पर मोर्चा संभालते हुए लोगों को सुरक्षित स्थान पर भेजा। उत्तरकाशी से तेखला की ओर ट्रैफिक को जीरो जोन कर मनेरा बाईपास की ओर से डायवर्ट किया गया है। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा- जन-धन योजना से देश में एक क्रांतिकारी बदलाव आया। केंद्र्र सरकार की प्रधानमंत्री जन धन योजना ने दस साल पूरे कर लिए हैं। अधिक से अधिक लोगों तक बैंकिंग सेवाओं का लाभ पहुंचाने के लिए वर्ष 2014 में यह योजना शुरू की गई थी। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जन-धन योजना के 10 वर्ष पूर्ण होने पर कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में सरकार की इस योजना से देश के वित्तीय समावेशन की दिशा में एक क्रांतिकारी बदलाव आया है। इस योजना ने करोड़ों भारतीयों को बैंकिंग सेवाओं से जोड़कर वित्तीय सुरक्षा को सुनिश्चित किया है और आर्थिक स्वतंत्रता की दिशा में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि 10 साल की इस यात्रा में, जन-धन योजना से सामाजिक और आर्थिक रूप से पिछड़े वर्ग भी मुख्यधारा में शामिल हुए हैं। इस योजना की सफलता से सभी को एक सशक्त और समृद्ध भारत की ओर बढ़ने की प्रेरणा मिलती है।